व्यवसायिक सुरक्षा एवम् स्वास्थ्य ।


 सुरक्षा पांच के है जो निम्न है :-

*अपनी सुरक्षा :- अपनी सुरक्षा को ध्यान में  रखते हुए इस बात की ध्यान रखना चाहिए कि वर्कशॉप में कभी भी ढीला ढाला कपड़ा पहन कर काम नही करना है । और टाई लगाकर नही जाना चाहिए । वर्कशॉप में हमेशा टाइट कपड़ा और पैर में जूता पहन कर जाना चाहिए और वर्कशॉप में कभी भी इयरफोन लगाकर नही जाना चाहिए।

*स्वास्थ्य की सुरक्षा :- स्वास्थ्य की सुरक्षा का मतलब है कि अगर आप किसी भी प्रकार से अस्वस्थ महसूस कर रहे है । जैसे कि बुखार लगना , सिर दर्द होना और कमजोरी इत्यादी तो आप मशीन पर कार्य न करे । कार्य करने पर परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।

*औजारों की सुरक्षा : इस सुरक्षा के अन्तर्गत औजारों की सुरक्षा  के अन्तर्गत औजार का सही से उपयोग करके सही जगह पर अलग अलग रखते है । उदाहरणस्वरूप मार्जिंग टूल, कटिंग टूल ,मेजरिंग टूल  और मार्किंग टूल इत्यादि ।

*मशीनों की सुरक्षा : मशीन को समय पर ग्रीसिंग एवम साफ करते रहना चाहिए और खराब होने पर maintanence करा कर कर ही चलाना चाहिए। मशीन पर लिखी इंट्रोडक्शन के हिसाब से ही कार्य करना चाहिए।

* कार्य की सुरक्षा : कार्य का सुरक्षा का अर्थ है कि बनाए गए जॉब को खराब न करे और बचाएं।


सुरक्षा चिन्ह 

सुरक्षा चिन्ह चार प्रकार के होते है :
1. निषेधात्मक चिन्ह : इसमें कार्य करने की सलाह नही दी जाती है।
आकृति - वृत्ताकार
पृष्ठ भूमि  - सफेद
बॉर्डर - लाल रंग क्रॉस
चिन्ह  - काला रंग



2.अनिवार्य चिन्ह /सकारात्मक चीन /अदेसात्मक चिन्ह/आवश्यक चिन्ह : 
आकृति - वृताकार
पृष्टभूमि -नीले रंग
चिन्ह -सफेद

चेतावनी चिन्ह 
आकृति - त्रिभुजाकार
पृष्टभूमि - पीले रंग
चिन्ह / बॉर्डर - काले रंग

सूचनात्मक चिन्ह 
आकृति - वर्गाकार
पृष्टभूमि - हरा
चिन्ह - सफेद









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